बुधवार, 30 सितंबर 2020

रविवार, 27 सितंबर 2020

बुधवार, 23 सितंबर 2020

बुधवार, 16 सितंबर 2020

दिल आज खाली क्यूँ है

दिल आज खाली खाली 

क्यूँ है

ये जज़्बातों का पिंजरा आज

खाली क्यूँ है

ख़ालिस रहा हमेशा नापाक 

बस्तियों में

फिर आज इस मकां में इतनी

जाली क्यूँ है..!!

@nuj

रविवार, 13 सितंबर 2020

फ़लक

फ़लक तक जाने से डरते हो ?

हम ज़मीं वाले तो आसमान से 

बारिश भी छीन लाते हैं..!!

@nuj

शनिवार, 12 सितंबर 2020

कहानी मुख़्तसर थी

कहानी मुख़्तसर थी

दोंनो ही मिल जाये एक 

दूसरे को,थोड़ी कसर थी

छोड़ेंगे नहीं इश्क़ करने वालों को,

जहाँ में बातें होती अक्सर थी

सारी कोशिशें सारी तरकीबें

दुनियादारी पे बेअसर थी

कभी बैठना साथ में तो करेंगें

पूरी कहानी,ये तो सिर्फ बानगी भर थी..!!

@nuj



शुक्रवार, 11 सितंबर 2020

रविवार, 6 सितंबर 2020

बग़ावत कहाँ देखोगे

लफ़्ज़ों में बता दूं तो जज़्बात कहाँ देखोगे

हर खुशी दे दी तो औकात कहाँ देखोगे

यूँ तो हिम्मत चाहिए वादा निभाने के लिए

गर वादा ही था कायर बनने का तो बगावत 

कहाँ देखोगे..!!

@nuj

शनिवार, 5 सितंबर 2020

सात शब्द काव्य

तलब थी तुम कभी...

अब बेमतलब हो..!!!

@nuj

आसान है

देखने में तो बहुत आसान है

यहाँ हर कदम पे कड़ा इम्तेहान है

जो बदल सको तो बदलो खुद को

यहाँ हर एक शख्स के अंदर शैतान है..!!

@nuj

शुक्रवार, 4 सितंबर 2020

मेरे नाम की रचना

अ-अब मत आना तुम 
नु-नुकसान तुम्हारा होगा
ज-जब करते थे हम इंतज़ार,वक़्त चला गया
दि-दिखी जो तेरी परछाईं भी
वा-वापस लौट जाऊंगा अपनी डगर
क-करके मेरा इंतज़ार 
र-रफ़्ता रफ़्ता तुम हो जाना आंखों से ओझल..!!

@nuj

बुधवार, 2 सितंबर 2020

बिखरा नहीं हूं

तेरे यूँ चले जाने से मैं ठहरा नहीं हूँ..

कोई बता दो उन्हें

टूटा हूँ पर बिखरा नहीं हूं..!!

@nuj

मंगलवार, 1 सितंबर 2020

बेदख़ल

बेवक़्त बेपरवाह बेहिसाब मेरी चाहतें..

बेअदब बेशरम बेदख़ल उनकी रातें..!!

@nuj

बर्बाद

इस कदर हमने खुद को कर लिया बर्बाद  फिर निकले नही जज़्बात कोई उसके जाने के बाद..!!